कनाडा में केएफसी ने ऐसा क्या किया कि........हिंदुओं, सिखों ने भेज दिया नोटिस
टोरंटो। केंटुकी फ्राइड चिकन (केएफसी) ने ओंटारियो में अपने अधिकांश रेस्तरां में हलाल-प्रमाणित चिकन परोसने और हराम (इस्लामिक कानून द्वारा निषिद्ध) पोर्क उत्पादों को बंद करने की योजना की घोषणा के बाद खुद को कनाडा में विवाद में ला दिया है। अमेरिकी फास्ट-फूड चेन केएफसी का लक्ष्य इस्लामी आहार कानूनों का पालन करके ग्राहकों को अधिक विविध और समावेशी विकल्प देना है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, बदलाव मई में शुरू हुआ था। कनाडा के सबसे बड़े मुस्लिम समुदाय के घर, ओंटारियो प्रांत के सभी केएफसी स्टोरों को कवर किया। वहीं अब कनाडा के हिंदुओं, सिखों ने हलाल मांस पर केएफसी को नोटिस दिया है।
हिंदू फोरम कनाडा ने नोटिस भेजकर केएफसी से क्रूरता, कानून की भावना और समावेश के सिद्धांतों के खिलाफ होने का हवाला देकर फैसले को पलटने के लिए कहा है। वे हलाल मांस परोसे जाने के विचार के विरोध में नहीं हैं, बल्कि केवल यह तर्क देते हैं कि रेस्तरां को उन धर्मों से संबंधित लोगों की जरूरतों को पूरा करने के लिए गैर-हलाल मांस भी परोसना चाहिए जहां हलाल निषिद्ध है।
नोटिस में कहा कि लगभग 71 वर्षों से केएफसी ने ओंटारियो में रेस्तरां का संचालन इस शर्त के बिना किया है कि उसके प्रत्येक रेस्तरां में केवल हलाल चिकन ही परोसा जाए। हमारा मानना है कि यह अचानक परिवर्तन कानून की भावना, समावेशिता के सिद्धांत, या आपके स्वयं के कॉर्पोरेट ब्रांड के अनुरूप नहीं है, जिसके बारे में कहा जाता है कि यह अखंडता और कड़ी मेहनत का प्रतीक है।
IPL टिकट विवाद का समाधान: कर्नाटक के हर विधायक को मिलेगा दो मुफ्त पास
छात्र और मजदूर भी अब पा सकते हैं LPG, जानिए नई व्यवस्था
कानपुर से कोलकाता: धनबाद मार्ग से चलेगी उत्तर मध्य रेलवे की नई विशेष ट्रेन
दिल दहला देने वाली घटनाएं: गला दबाकर हत्या और ठेकेदार की घर के बाहर हत्या
डिंडौरी जुलूस विवाद: अंडे फेंकने से माहौल गरमाया, सड़कें लोगों से भर गईं